DGFT :विदेश व्यापार महानिदेशालय (डीजीएफटी) ने बहुपक्षीय निर्यात नियंत्रण व्यवस्थाओं में हाल में किए गए नीतिगत बदलावों और अपडेट के साथ स्कॉमेट सूची को अपडेट किया

DGFT :विदेश व्यापार महानिदेशालय (डीजीएफटी) ने बहुपक्षीय निर्यात नियंत्रण व्यवस्थाओं में हाल में किए गए नीतिगत बदलावों और अपडेट के साथ स्कॉमेट सूची को अपडेट किया

  DGFT  ने रक्षा उत्पादन विभाग को स्कॉमेट की श्रेणी 6 के अंतर्गत आने वाली वस्तुओं के निर्यात के लिए लाइसेंसिंग प्राधिकरण के तौर पर अधिकृत किया

वाणिज्य और उद्योग मंत्रालय के विदेश व्यापार महानिदेशालय (DGFT) ने वर्ष 2024 के लिए अद्यतन स्कॉमेट सूची को अधिसूचित किया है। भारत की निर्यात नियंत्रण सूची (स्कॉमेट) को अपडेट किया गया है, जिसमें बहुपक्षीय निर्यात नियंत्रण व्यवस्थाओं की नियंत्रण सूचियों में हाल ही में किए गए बदलावों/अद्यतनों और हमारी राष्ट्रीय प्रणाली में हुए कुछ नीतिगत संशोधनों को शामिल किया गया है। ऐसा प्रासंगिक सरकारी संगठनों और हितधारकों से प्राप्त जानकारी के आधार पर किया गया है।

हाल ही में किए गए इस अपडेट के साथ, डीजीएफटी ने रक्षा मंत्रालय के रक्षा उत्पादन विभाग (डीडीपी) को सैन्य उपयोग के लिए स्कॉमेट की श्रेणी 6 के अंतर्गत आने वाली सभी वस्तुओं के निर्यात के लिए लाइसेंसिंग प्राधिकरण के तौर पर अधिकृत किया है। इससे पूर्व में बाहर रखी गई कुछ वस्तुओं को सुव्यवस्थित किया जाएगा।

भारत के पास रणनीतिक व्यापार और संबंधित अप्रसार मामलों पर एक सुदृढ़ कानूनी और नियामक ढांचा है, जिसमें अंतर-मंत्रालयी स्कॉमेट लाइसेंसिंग प्रक्रिया, प्रभावी प्रवर्तन और जोखिम मूल्यांकन तंत्र, उद्योग और अन्य हितधारकों तक नियमित पहुंच आदि शामिल हैं। भारत प्रमुख बहुपक्षीय निर्यात नियंत्रण व्यवस्थाओं का सदस्य है, जैसे कि मिसाइल प्रौद्योगिकी नियंत्रण व्यवस्था, वासेनार व्यवस्था और ऑस्ट्रेलिया समूह। भारत इन व्यवस्थाओं और परमाणु आपूर्तिकर्ता समूह के साथ अपने दिशा-निर्देशों और नियंत्रण सूचियों का सामंजस्य स्थापित करता है।

इसी अनुसार, भारत स्कॉमेट (विशेष रसायन जीव सामग्री उपकरण और प्रौद्योगिकी) सूची के अंतर्गत सॉफ्टवेयर और प्रौद्योगिकी सहित दोहरे उपयोग की वस्तुओं, परमाणु संबंधी वस्तुओं और सैन्य वस्तुओं के निर्यात को नियंत्रित करता है, जिसे विदेश व्यापार नीति के अंतर्गत डीजीएफटी द्वारा अधिसूचित किया जाता है।

एक महत्वपूर्ण क्षेत्र के रूप में रणनीतिक व्यापार नियंत्रण के उभार को विदेश व्यापार नीति 2023 में स्वीकार किया गया है, जहां उद्योग की बेहतर समझ और प्रभावी अनुपालन के लिए स्कॉमेट प्रक्रियाओं और कार्यपद्धतियों को एक स्थान पर समेकित किया गया है। चूंकि पिछले तीन वर्षों के दौरान स्कॉमेट के अंतर्गत निर्यात में काफी वृद्धि हुई है, इसलिए विदेश व्यापार महानिदेशालय (DGFT) ने इन हाई-एंड वस्तुओं और प्रौद्योगिकियों के अधिकृत और जिम्मेदार निर्यात को सुगम करने के लिए उद्योग के साथ नियमित बातचीत के आधार पर कई पहलें की हैं। इसमें लाइसेंसिंग के लिए डीजीएफटी के ई-प्लेटफॉर्म को मजबूत करना, ड्रोन, दोहरे उपयोग वाले रसायन, दूरसंचार उपकरण, सूचना सुरक्षा प्रणाली, और भारत में रिपेयर, स्टॉक और बिक्री नीति के लिए दोहराए गए आदेश, इंट्रा कंपनी ट्रांसफर (जीएआईसीटी) जैसी वस्तुओं के लिए उदार सामान्य प्राधिकरण नीति तैयार करना शामिल है।

स्कॉमेट सूची को निर्यात और आयात वस्तुओं के आईटीसी (एचएस) वर्गीकरण की अनुसूची 2 के परिशिष्ट 3 के अंतर्गत डीजीएफटी द्वारा अधिसूचित किया गया है। स्कॉमेट के अंतर्गत नीति और प्रक्रियाएं एफटीपी और एचबीपी 2023 के अध्याय 10 में वर्णित हैं, और इस सूची को 2010 में संशोधित विदेशी व्यापार (विकास और विनियमन) अधिनियम, 1992 के अध्याय 4ए के अंतर्गत विनियमित किया जाता है।

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