भारत अंतर्राष्ट्रीय व्यापार मेला (IITF) 2025 में विद्युत मंत्रालय का मंडप विद्युत क्षेत्र में देश की प्रगति और ऊर्जा क्षेत्र में बदलाव को प्रदर्शित करता है। केंद्रीय विद्युत राज्य मंत्री श्री श्रीपद वाई. नाइक ने 14 नवंबर को नई दिल्ली के भारत मंडपम में आयोजित 44वें IITF के दौरान इस मंडप का उद्घाटन किया।
श्री नाइक ने कहा कि इस वर्ष का पावर पैवेलियन भारत की ऊर्जा यात्रा का एक महत्वपूर्ण हिस्सा है, जो “एक भारत, श्रेष्ठ भारत” के सिद्धांत को साकार करता है। उन्होंने बताया कि यह मंडप देश की ऊर्जा क्रांति और स्वच्छ, विश्वसनीय तथा तकनीक-संचालित ऊर्जा इकोसिस्टम की ओर हो रहे बदलाव को दर्शाता है।
श्री नाइक ने युवाओं, छात्रों और ऊर्जा क्षेत्र के पेशेवरों से पावर पैवेलियन का दौरा करने का आग्रह किया, ताकि वे देश की ऊर्जा यात्रा और भविष्य की संभावनाओं के बारे में अधिक जान सकें। उन्होंने कहा कि पावर पैवेलियन में दर्शकों को एक प्रेरणादायक और प्रौद्योगिकी-समृद्ध वातावरण मिलेगा, जो भारत के स्वच्छ ऊर्जा के भविष्य को लेकर उनकी समझ को और अधिक स्पष्ट करेगा।
also read: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी 15 नवंबर को गुजरात के नर्मदा…
पावर पैवेलियन के बारे में
44वें भारत अंतर्राष्ट्रीय व्यापार मेला में विद्युत मंत्रालय का मंडप (हॉल संख्या 1) भारत के उभरते ऊर्जा परिदृश्य का एक समग्र दृश्य प्रस्तुत करता है। यह पारंपरिक ऊर्जा से स्वच्छ ऊर्जा की दिशा में देश के बदलाव और ऊर्जा क्षेत्र में प्रौद्योगिकी, समावेशिता तथा स्थिरता पर आधारित नागरिक-केंद्रित दृष्टिकोण को दर्शाता है।
इस मंडप में सात प्रमुख पावर पब्लिक सेक्टर कंपनियां शामिल हैं, जिनमें एनटीपीसी, एनएचपीसी, एसजेवीएन, टीएचडीसी, पीएफसी, पावर ग्रिड, और आरईसी शामिल हैं। ये कंपनियां मिलकर देश की ऊर्जा क्रांति और वर्ष 2047 तक एक विकसित भारत के निर्माण में अपनी भूमिका निभा रही हैं।
इंटरएक्टिव अनुभव
पावर पैवेलियन में आगंतुकों के लिए कई इंटरएक्टिव और तकनीकी सुविधाएं उपलब्ध हैं, जैसे गतिशील LED वॉल, एनामॉर्फिक 3D डिस्प्ले, इमर्सिव पावर जर्नी ज़ोन, स्मार्ट मीटर शोकेस, एआई-संचालित होलोबोट, क्विज़ स्टेशन, स्मार्ट होम प्रदर्शन, ईईएसएल मार्ट, PSP डायोरमा, थीम्ड सेल्फी वॉल, एआई फोटो बूथ, और प्रतीकात्मक ऊर्जा “चक्र” स्थापना। ये सभी आकर्षण आगंतुकों को देश की ऊर्जा यात्रा को समझने और भविष्य में होने वाली ऊर्जा क्रांति को महसूस करने का अवसर प्रदान करेंगे।
यह मंडप न केवल भारत की ऊर्जा नीति में हुए बदलावों को दर्शाता है, बल्कि यह आने वाली पीढ़ियों को ऊर्जा क्षेत्र में नवाचार और प्रौद्योगिकी का महत्व समझने का एक अद्भुत मौका भी प्रदान करता है।