पंजाब के स्थानीय निकाय मंत्री डॉ. रवजोत सिंह ने घोषणा की है कि अमृतसर, लुधियाना, जालंधर, पटियाला और एसएएस नगर (मोहाली) में जल्द ही 447 नई इलेक्ट्रिक बसें सेवा में लाई जाएंगी। यह पहल राज्य में स्वच्छ और सतत सार्वजनिक परिवहन को बढ़ावा देने के लिए एक महत्वपूर्ण कदम है।
‘ई-मोबिलिटी और सस्टेनेबल पब्लिक ट्रांसपोर्टेशन पर पंजाब कॉन्क्लेव’ के दौरान डॉ. रवजोत सिंह ने बताया कि 2024 की शुरुआत तक पंजाब के प्रमुख शहरों में इलेक्ट्रिक बसों का व्यापक रोलआउट शुरू हो जाएगा। उन्होंने कहा कि शहर विकास का केंद्र हैं और इनकी सतत प्रगति राज्य की प्राथमिकता में शामिल है।
उन्होंने डीजल से इलेक्ट्रिक वाहनों में परिवर्तन के कई लाभ बताए, जिनमें प्रदूषण में कमी, ड्राइवरों की आय में वृद्धि और महिलाओं के सशक्तिकरण शामिल हैं। खासतौर पर अमृतसर में मार्च 2024 से 200 इलेक्ट्रिक ऑटो चालकों ने इस बदलाव को अपनाया है।
कॉन्क्लेव ने नीति निर्माताओं, शहर के नेताओं और ई-ऑटो चालकों को एक मंच पर लाकर स्वच्छ और न्यायसंगत गतिशीलता को लेकर चर्चा की। स्थानीय शासन विभाग के निदेशक कुलवंत सिंह ने बताया कि अमृतसर में 1,200 डीजल ऑटो को इलेक्ट्रिक में बदलना पंजाब की स्थिरता की प्रेरणादायक कहानी है।
अब इस सफलता को आधार बनाकर राज्य सरकार अन्य प्रमुख शहरों में इलेक्ट्रिक बसों की संख्या बढ़ा रही है। पीएमआईडीसी के साथ मिलकर मार्ग युक्तिकरण, चार्जिंग इंफ्रास्ट्रक्चर और आधुनिकीकरण की योजनाएं बनाई जा रही हैं, जिससे पंजाब का स्वच्छ परिवहन भविष्य और भी मजबूत होगा।