आंध्र प्रदेश सरकार ने अडानी इंफ्रा को 480 एकड़ जमीन सौंपकर राज्य में 1 GW क्षमता वाला डेटा सेंटर बनाने की मंजूरी दी। प्रोजेक्ट से डिजिटल इंफ्रास्ट्रक्चर मजबूत होगा और 87,500 करोड़ रुपये का निवेश आएगा।
आंध्र प्रदेश सरकार ने विशाखापत्तनम और अनकापल्ली जिलों में 480 एकड़ की जमीन अडानी इंफ्रा (इंडिया) प्राइवेट लिमिटेड को ट्रांसफर करने की मंजूरी दे दी है। अडानी इंफ्रा गूगल की कंपनी रेडेन इंफोटेक इंडिया का पार्टनर है, और दोनों मिलकर राज्य में एक बड़े डेटा सेंटर का निर्माण करेंगे। इस प्रोजेक्ट के जरिए आंध्र प्रदेश का डिजिटल इंफ्रास्ट्रक्चर मजबूत होगा और टेक्नोलॉजी निवेश को बढ़ावा मिलेगा।
सरकारी आदेश 2 दिसंबर को जारी किया गया, जिसमें कहा गया कि प्रस्ताव की गहन जांच और मंत्रियों की काउंसिल की मंजूरी के बाद यह निर्णय लिया गया। रेडेन इंफोटेक इंडिया इस प्रोजेक्ट के पहले चरण में पूरे आंध्र प्रदेश में डेटा सेंटर के लिए 87,500 करोड़ रुपये का निवेश करेगी। इसके बदले में कंपनी को डिजिटल परियोजनाओं को प्रोत्साहित करने के तहत राज्य से 22,000 करोड़ रुपये के इंसेंटिव मिलने की संभावना है।
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रेडेन इंफोटेक ने विशेष रूप से अनुरोध किया था कि अडानी इंफ्रा और उसके नोटिफाइड पार्टनर्स को मुख्यमंत्री एन चंद्रबाबू नायडू द्वारा पहले वादे किए गए इंसेंटिव्स का लाभ देने के लिए अधिकृत किया जाए। कंपनी का लक्ष्य 1 GW क्षमता वाले AI डेटा सेंटर का निर्माण करना है, जो गूगल की मुख्य सेवाओं जैसे सर्च, यूट्यूब और वर्कस्पेस को सपोर्ट करेगा।
प्रोजेक्ट में अडानी इंफ्रा के अलावा अडानीकॉनेक्स इंडिया, अडानी पावर इंडिया, भारती एयरटेल, नेक्सट्रा डेटा और नेक्सट्रा विजाग (भारती एयरटेल की सब्सिडियरी) जैसे नोटिफाइड पार्टनर्स शामिल हैं। डेटा सेंटर को उच्चतम मानकों पर तैयार किया जाएगा, ताकि यह सुरक्षित, कुशल और टिकाऊ डिजिटल इन्फ्रास्ट्रक्चर प्रदान कर सके।
इस बड़े निवेश से राज्य में डिजिटल प्रोजेक्ट्स के लिए नई संभावनाएं पैदा होंगी और आंध्र प्रदेश को तकनीकी दृष्टि से मजबूत बनाने में मदद मिलेगी।